जयपुर के श्री आदिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर एस.एफ.एस में जैन धर्म के तीसरे तीर्थंकर संभव नाथ भगवान का मनाया गर्भ कल्याणक महोत्सव साथ ही अष्टानिका महा पर्व में सिद्ध चक्र महामंडल विधान का हुआ भव्य आयोजन
फागी संवाददाता
24 फरवरी
श्री आदिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर एसएफएस राजावत मानसरोवर मैं अष्टानिका महापर्व पर प्रातः 6:30 बजे नित्य नियम अभिषेक, वृहत् शांति धारा की गई जिसका विनोद- रेखा गोधा, महेंद्र- विमला लुहाड़िया परिवार द्वारा शांतिधारा संपन्न करवाकर धर्म लाभ प्राप्त किया, उसके पश्चात स्वाध्याय मंडल के अध्यक्ष कैलाश चंद, कमलचंद टोंग्या, द्वारा विधि विधान मंत्रोच्चारों के द्वारा पूजन में बैठने वाले सभी श्रावक जनों का सकली करण कर शुद्धिकरण करवाया मंडल विधान पर सौ धर्म इंद्र कैलाश चंद- बीना देवी जैन द्वारा कलश स्थापना कर विधान की पूजन की गई उक्त पूजन सुनील बज के मधुर स्वरों द्वारा प्रारंभ करवाई गई, कार्यक्रम में मंदिर समिति के यशस्वी महामंत्री सौभागमल जैन ने बताया है की अष्टानिका पर्व साल में तीन बार आषाढ़, फाल्गुन, कार्तिक,मास में आते हैं अष्टानिका पर्व में मुख्यतः सिद्ध चक्र विधान, या नंदीश्वर विधान, किया जाता है सिद्ध चक्र विधान मंडल पूजा शास्त्रों के अनुसार मैना सुंदरी ने श्रीपाल जी आदि 700 रोगियों के कुष्ठ रोग निवारण के लिए विधान किया था जिसमें 2040अर्घ्य चढ़ते हैं, जिसमें अनंत सिद्ध परमेष्ठी की आराधना की जाती है।
राजाबाबू गोधा जैन गजट संवाददाता राजस्थान















