राष्ट्र गौरव पारस जैन “पार्श्वमणि” पत्रकार को परम पूज्य गणनी आर्यिका गुरु मां विशुद्ध मति माता जी एवं परम पूज्य विज्ञमति माता जी ससंघ ने दिया मंगल आशीर्वाद
तलवंडी स्थित श्री दिगंबर जैन मंदिर में विराजमान परम पूज्य गणनी आर्यिका गुरु मां विशुद्ध मति माता जी परम पूज्य विज्ञ श्री माता जी ससंघ ने राष्ट्र गौरव पारस जैन “पार्श्वमणि” पत्रकार आर के पुरम कोटा को अपना दोनों हाथों से मंगल आशीर्वाद प्रसन्नचित होकर प्रदान किया। मयूर पिच्छिका सिर पर भी रखी। मेरी भावना समस्त भारत वर्ष की शिक्षण संस्थाओं में लागू हो ओर प्रार्थना के रूप में बोली जाए” इस विषय पर भारत वर्ष की विभिन्न पत्र पत्रिकाओं में इस विषय मेरी भावना पर जो आलेख प्रकाशित हुवे है उनकी फाइल माता जी कर कमलों में भेट की। विगत 35 वर्षों की कवरेज फाइल जब माता जी ने देखी तो उन्होंने प्रसन्नचित होकर खूब खूब आशीर्वाद प्रदान किया। इससे पूर्व जब टोंक राजस्थान में वात्सल्य वारिधि परम पूज्य वर्धमान सागर जी महाराज ससंघ विराजमान थे तब उनको भी अपार जन सैलाब की सभा में जब राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी “पार्श्वमणि” पत्रकार जी ने मेरी भावना की फाइल भेट की थी तो आचार्य श्री ने प्रसन्न होकर कहा था कि ये कार्य जरूर होगा आप सभी राज्य के मुख्य मंत्री जी से मिलिए। आचार्य श्री ने कहा कि “मेरी भावना” राष्ट्रगान की श्रेणी में आ रही थी लेकिन बड़ी होने के कारण रह गई थी। इससे पूर्व आचार्य प्रज्ञा सागर जी महाराज ससंघ, परम पूज्य आचार्य सुंदर सागर जी महाराज ससंघ, परम पूज्य आचार्य विनिश्चय सागर जी महाराज ससंघ, आचार्य शशांक सागर जी महाराज ससंघ, बालाचार्य निपूर्ण नंदी जी महाराज ससंघ, परम पूज्य मुनि प्रज्ञान सागर जी महाराज परम पूज्य प्रसिद्ध सागर जी महाराज ससंघ ने इस परम पुनीत कार्य के लिए अपना मंगल आशीर्वाद प्रदान किया हुआ है।












