आर्यिका रत्न 105 संगम मति मति माताजी 2026 का चातुर्मास की कलश स्थापना 28 जुलाई को अम्बाह में होगी
द्वारा महावीर कुमार सरावगी जैन गजट संवाददाता नैनवा जिला बूंदी राजस्थान
राजधानी जयपुर 15 जुलाई बुधवार 2026
आर्यिका रत्न105 संगम मति माताजी आज पंचम काल की महान तपस्वी ज्ञान की गुरु माता है जिनके मंगल प्रवचन विख्यात है
आर्यिका 105 संगम मति माताजी चातुर्मास का चातुर्मास का सौभाग्य धर्म नगरी अम्बाह को प्राप्त होने से संपूर्ण जैन समाज में हर्ष व्याप्त हुआ
19 जुलाई को प्रातः 8:00 बजे नगर में माता जी का मंगल प्रवेश जैन समाज द्वारा अपार धर्म प्रभावना के साथ संघ का होगा
संपूर्ण नगर में जगह-जगह पर तोरण द्वार रंगोली सजाकर गाजे-बाजे के साथ जिनालय में प्रवेश करने की तैयारियां प्रारंभ हुई
सन 2018 में जिला बूंदी के उपखंड के ग्राम नैनवा में शांति वीर धर्म स्थल पर महावीर जिनालय में आर्यिका संगममति माताजी का ऐतिहासिक वर्षा योग संपन्न हुआ था जो आज भी संपूर्ण जैन समाज यादगार के रूप में प्रशंसा करते हैं
आचार्य 108 सिद्धांत सागर जी महाराज की परम प्रभावक शिष्या संगममति माताजी का वर्षा योग अम्बाह को प्राप्त होने से संपूर्ण जैन समाज में हर्ष व्याप्त हुआ है
4 माह वर्षा योग में माताजी द्वारा ज्ञान भक्ति शक्ति से लोगों को अलग-अलग प्रकार की ऊर्जा प्राप्त होगी
जहां साधु संतों के वर्षा योग होते हैं वह नगर गांव बड़े सौभाग्यशाली हैं कि जहां पर छोटे-छोटे बच्चों को धर्म का ज्ञान प्राप्त होकर धर्म की प्रभावना करते हैं साधु संतों का चातुर्मास बहुत बड़े पुण्य और सौभाग्य से प्राप्त होता है
महावीर कुमार सरावगी जैन गजट संवाददाता नैनवा जिला बूंदी राजस्थान












